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24 मार्च 2011

कोलकाता से किया था हैंड राईटिंग का डिप्लोमा


गाड़ी चोरी के आरोप में पकड़े गए 72 साल के वकील ने
डबवाली (लहू की लौ) गाड़ी चोरी के आरोप में डबवाली से पकड़े गए 72 साल के वकील धनी राम मित्तल से दिल्ली पुलिस ने रिमांड के दौरान एक सेंट्रो कार बरामद हुई है। रिमांड के दौरान मास्टरमाईंड वकील ने दिल्ली पुलिस के समक्ष एक के बाद एक सनसनीखेज खुलासे किए हैं।
इस संवाददाता से बातचीत करते हुए उत्तर-पश्चिम जिला, दिल्ली की प्रभाीर आईपीएस मीनू चौधरी ने बताया कि दिल्ली में वाहन चोर गिरोह के काफी मामले सामने आ रहे थे। बढ़ते अपराध पर अंकुश लगाने के लिए एंटी ऑटो थेफ्ट स्कवेड की एक टीम को गठित किया गया। जिसमें एसआई वेदप्रकाश, एएसआई सुरेन्द्र कुमार, एएसआई रमेश कुमार, एचसी नरेन्द्र कुमार, एचसी शेषधर आदि को शामिल किया गया। इस टीम ने गाड़ी चोर गिरोह के दो सदस्यों संजय मित्तल तथा महिपाल को काबू करने में सफलता अर्जित की। पूछताछ के दौरान संजय मित्तल पुलिस के समक्ष परत-दर-परत राज खोलता गया। पूछताछ के दौरान संजय ने गिरोह का मुख्य सरगना धनी राम मित्तल को बताया और यह भी बताया कि वे चोरी की गई गाडिय़ों को राजस्थान के अनूपगढ़ में रहने वाले तेजा सिंह नामक व्यक्ति के जरिए आगे बेचते हैं।
चौधरी के अनुसार संजय से मिली जानकारी के आधार पर टीम धनी राम मित्तल की टोह में जुट गई। गत दिवस टीम को मुखबरी मिली कि धनी राम मित्तल और तेजा सिंह डबवाली में हैं। सूचना मिलते ही टीम ने डबवाली में रेड करके दोनों को काबू कर लिया। दोनों की निशानदेही पर अनूपगढ़ में तेजा सिंह ढाणी से पुलिस को चोरी की गई अस्टीम, बलेरो, टाटा सूमो, मारूति कारें बरामद हुई। पकड़े गए दोनों आरोपियों को दिल्ली की एक अदालत में पेश करके दो दिन का रिमांड हासिल किया गया। रिमांड के दौरान धनी राम मित्तल ने काफी सनसनीखेज खुलासे किए।
चौधरी ने आगे बताया कि चोरी की गई गाडियों के जाली कागजात तैयार करके उपरोक्त गिरोह के सदस्य इन्हें आगे बेचा करते थे। जाली कागजात को तैयार करने में बड़ी सफाई से काम किया जाता था। धनी राम मित्तल ने कोलकाता से हैंड राईटिंग का डिप्लोमा किया हुआ है। वह दूसरे की लिखावट तथा साईन करने में बड़ा माहिर है।
मीनू चौधरी ने बताया कि धनी राम मित्तल एक पेशेवर मुजरिम है। इस व्यक्ति पर रोहतक, दिल्ली, हिसार, जींद, बठिंडा, करनाल, बीकानेर, गंगानगर, भिवानी, बहादुरगढ़, सोनीपत, गोहाना, बरनाला, तपा तथा फरीदाबाद पर चोरी, धोखाधड़ी, हत्या आदि के कई संगीन मामले विचाराधीन है।

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