युवा दिलों की धड़कन, जन जागृति का दर्पण, निष्पक्ष एवं निर्भिक समाचार पत्र

08 दिसंबर 2014

पार्सल में ब्लू सीडी आने से हड़कंप

डबवाली (लहू की लौ) डबवाली के एक वार्ड में पार्सल के जरिये ब्लू सीडी मिलने से सनसनी फैली हुई है। मामला पुलिस तक जा पहुंचा है। पार्सल भेजने वाला व्यक्ति कौन है, यह पता लगाने के लिये मौहल्ला वासी तथा पुलिस दोनों जुटे हुये हैं।
अर्जुन की तालाश जारी
मामला करीब पंद्रह दिनों से चल रहा है। लेकिन अभी तक पुलिस किसी नतीजे पर नहीं पहुंची है। जानकारी अनुसार पंद्रह दिन पूर्व दो युवक शहर की एक गली में आये जिनके हाथ में पार्सल था। किराये पर रह रही एक नर्स के घर पार्सल खिसकाने का प्रयास किया। लेकिन सफलता नहीं मिली। बाईकर्स ने वहां से गुजर रहे करीब बारह वर्षीय बच्चे की मदद से पार्सल मकान में पहुंचा दिया। कुछ दिन पूर्व ही इसी गली में स्थित एक अन्य मकान में भी ब्लू सीडी पहुंच गई। सीडी के साथ आये एक पत्र में अश्लील शब्दावली का प्रयोग किया गया था। एक बच्चे पर सीडी तथा पत्र भेजने का आरोप लगाते हुये मकान मालिक ने इसकी शिकायत पुलिस में कर दी।
नर्स से बोले सीडी मिल गई
पता चला है कि बाईक सवार युवकों ने नर्स का पीछा नहीं छोड़ा। अपने भाई के साथ बाईक पर जा रही नर्स को बीच रास्ते बुलाकर मुंह ढांपे युवकों ने ब्लू सीडी मिलने के बारे में पूछा।
अर्जुन की तालाश जारी
उपरोक्त मामले को लेकर वार्ड के लोगों की एक पंचायत शनिवार को हुई। जिसमें उस बच्चे को भी बुलाया गया, जिसके हाथों पार्सल भेजा गया था। बच्चे ने बताया कि उसने बाईक पर आये युवकों के कहने पर नर्स के घर पर पार्सल दिया था। लेकिन दूसरे घर में सीडी कैसे पहुंची, उसे मालूम नहीं। बच्चे ने बताया कि पार्सल देने वाले युवक ने उसे अपना नाम अर्जुन बताते हुये कहा था कि अगर कोई पार्सल के बारे में पूछे तो बता देना अर्जुन देकर गया है। पंचायत में अर्जुन का नाम सामने आने के बाद वार्ड के लोगों का बच्चे के प्रति शक दूर हो गया। अब लोग अर्जुन नामक युवक की तालाश कर रहे हैं।
गोल बाजार पुलिस चौकी के एसआई भूप सिंह ने बताया कि उपरोक्त मामले की शिकायत पुलिस में आई है। पुलिस अर्जुन नामक युवक की तालाश कर रही है।

याचिका के बाद सरकार का फैसला सभी स्कूलों में लगेंगे अग्निश्मक यंत्र

बच्चों तथा शिक्षकों को अग्नि से बचाव का प्रशिक्षण दिया जायेगा

डबवाली (लहू की लौ) अग्निकांड के उन्नीस सालों बाद पहली बार सरकार हरकत में आई है। प्रदेश के सभी सरकारी तथा गैर सरकारी विद्यालयों को नोटिस जारी करके अग्नि सुरक्षा प्रबंध करने के सख्त निर्देश दिये हैं। सरकार ने यह निर्णय पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में विचाराधीन एक मामले के बाद लिया है।
258 बच्चों की हुई थी मौत
23 दिसंबर 1995 को डीएवी स्कूल के वार्षिक कार्यक्रम में हुये भीषण अग्निकांड में मरने वाले 442 लोगों में 258 स्कूली बच्चे थे। जिसके बावजूद सरकारें नहीं जागी थी। स्कूलों में अग्नि सुरक्षा प्रबंधों को लेकर रोहित सभ्रवाल वर्सेज प्रिंसीपल सेक्ट्री डिपार्टमेंट ऑफ लोकल बॉडी मामला अदालत में विचाराधीन है। मामले की गंभीरता को समझते हुये शहरी स्थानीय निकाय ने प्रदेश के सभी दमकल केंद्र अधिकारियों को नोटिस जारी करके सरकारी तथा गैर सरकारी स्कूलों में अग्नि सुरक्षा के प्रबंध पुख्ता करने के आदेश दिये हैं। जिसके बाद स्कूलों को धड़ाधड़ नोटिस निकाले जा रहे हैं। सरकार ने रिपोर्ट एक माह के भीतर मांगी है। ताकि उपरोक्त मामले की सुनवाई की आगामी तिथि 10 फरवरी 2015 को रिपोर्ट अदालत में समक्ष प्रस्तुत की जा सके।
सरकार ने एक माह में मांगी रिपोर्ट
शहरी स्थानीय निकाय एवं अग्निश्मन सेवा हरियाणा पंचकूला के निदेशक ने अपने पत्र में पूछा है कि जिला/नगर निगम क्षेत्र में कितने सरकारी, सहायता प्राप्त गैर सरकारी तथा बिना सहायता प्राप्त गैर सरकारी विद्यालय हैं, उनमें से कितने स्कूलों में अग्निश्मन सुरक्षा के प्रबंध हो चुके हैं? कितने स्कूलों द्वारा अग्निश्मन सुरक्षा का अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) लिया जा चुका है? कितने अध्यापकों/विद्यार्थियों को प्रशिक्षण दिया गया है तथा जिन स्कूलों ने अनापत्ति प्रमाण पत्र/नवीनीकरण नहीं कराया है व अग्निश्मन उपकरण उपलब्ध नहीं करवाये गये हैं, उनके विरूद्ध क्या कार्यवाही की जा रही है? दमकल केंद्र प्रभारियों से एक माह के भीतर रिपोर्ट तलब की गई है।

स्कूलों को जारी हो रहे नोटिस
डबवाली अग्निकांड की 19वीं बरसी आ रही है। लेकिन अभी तक डबवाली जैसे क्षेत्र में सरकारी तथा गैर सरकारी स्कूलों में अग्नि सुरक्षा के प्रबंध ना के बराबर हैं। पिछले दस वर्षों में कुछ स्कूलों ने ही अग्नि सुरक्षा के प्रबंध करते हुये एनओसी ली थी। लेकिन बाद में नवीनीकरण नहीं करवाया। सरकार ने प्रत्येक स्कूल में अग्नि सुरक्षा यंत्र लगाने के आदेश दिये हैं। सरकार के पत्र के बाद स्कूलों को नोटिस जारी किये जा रहे हैं। साथ में बच्चों तथा शिक्षकों को ट्रेनिंग दी जा रही है।
-अमर सिंह, प्रभारी दमकल केंद्र, डबवाली

सरकारी स्कूल चाईल्ड वेल्फेयर फंड से खरीद सकते हैं यंत्र
चाईल्ड वेल्फेयर फंड का प्रयोग करके सरकारी स्कूल अग्नि सुरक्षा यंत्र खरीद सकते हैं। स्कूल मुखियों को इससे अवगत करवा दिया गया है। निजी स्कूलों में होने वाले वार्षिक उत्सवों की रिपोर्ट भी दमकल केंद्र को देने के निर्देश दिये गये हैं।
-संत कुमार बिश्नोई, बीईओ, डबवाली

वाहन टकराये, एक घायल

डबवाली (लहू की लौ) रविवार को मालवा बाईपास रोड़ पर दो वाहनों की जबरदस्त टक्कर के बाद एक वाहन साईकिल से जा भिड़ा। जिससे 14 वर्षीय एक बालिका घायल हो गई।
नरसिंह कलोनी निवासी गगन ने बताया कि वह दूध लेने के लिये साईकिल पर जा रही थी। इस दौरान दो गाडिय़ां आपस में टकरा गई। एक गाड़ी पलटे खाती हुई उसकी साईकिल से टकरा गई। जिससे वह घायल हो गई। उपचार के लिये उसे डबवाली के सरकारी अस्पताल में लेजाया गया।
हैबूआना के नजदीक हादसा
इधर गांव हैबूआना के नजदीक हुये सड़क हादसे में गांव बांडी निवासी कुलवंत सिंह घायल हो गया। जिसे उपचार के लिये डबवाली के सरकारी अस्पताल में लेजाया गया। कुलवंत सिंह गांव पथराला के एक निजी विद्यालय में बतौर बस चालक कार्यरत है। रविवार दोपहर को वह बाईक पर कालांवाली की ओर जा रहा था। मार्ग में सड़क पर बिखरे कांच के टुकड़ों के कारण उसका बाईक स्लिप कर गया। सरकारी एंबुलैंस ने उपचार के लिये उसे डबवाली के सरकारी अस्पताल में पहुंचा। वहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे सिरसा रैफर कर दिया गया।

अवारा पशु से टकराया स्कूटर, एक घायल

डबवाली (लहू की लौ) अवारा पशुओं के कारण हादसे बढ़ते जा रहे हैं। शनिवार रात को सिरसा रोड़ पर अवारा सांड से स्कूटर टकराने पर चालक गंभीर रूप से जख्मी हो गया। उपचार के लिये उसे डबवाली के सरकारी अस्पताल में लेजाया गया।
20 वर्षीय अमर चंद पुत्र चंदन कुमार निवासी धालीवाल नगर, डबवाली ने बताया कि वह कैंटर यूनियन के नजदीक चाय की दुकान चलाता है। रात को दुकान मंगल करके स्कूटर पर वापिस घर जा रहा था। स्कूटर के आगे अचानक सांड़ आ गया। जिससे टकराने से वह बुरी तरह से घायल हो गया। अमर चंद के आंख, मुंह पर गंभीर चोट आई है।

एसडीएम ने चमकाया सिल्वर जुबली चौक

23 वर्षों से अपनी दशा पर आंसू बहा रहा था चौक, समाजसेवी संस्थाओं के साथ मिलकर किया सौंदर्यकरण

डबवाली (लहू की लौ) पिछले 23 वर्षों से सफाई की बाट जोह रहा प्रदेश का एकमात्र सिल्वर जुबली चौक रविवार को निखर गया। डबवाली में अपने बच्चों से मिलने आये भिवानी के उपमंडलाधीश सतीश कुमार ने चौक को साफ करने के लिये जैसे ही झाडू उठाया, तो सैंकड़ों हाथ उनके साथ उठ खड़े हुये। पानी की बौछार जैसे ही चौक में लगे पत्थर पर पड़ी तो डबवाली से जुड़ा इतिहास बाहर निकल आया।
डबवाली से बदलकर भिवानी गये एचसीएस सतीश कुमार के बच्चे इस वर्ष की शिक्षा पूरी करने के लिये डबवाली में रूके हुये हैं। बच्चों से मिलने के लिये शनिवार देर शाम को वे डबवाली पहुंचे थे। रविवार सुबह वे नगर परिषद सचिव ऋषिकेश चौधरी, सीनेटरी इंस्पेक्टर अविनाश सिंगला, वियोगी हरि शर्मा, उषा भट्टी, कनिष्ठ अभियंता सतपाल रोज के साथ अचानक गोल चौक में पहुंच गये। एसडीएम ने झाडू उठाकर चौक की सफाई शुरू कर दी। शेष कर्मचारी तथा शहर वासी भी इस कार्य में जुट गये। बाद में उपमंडलाधीश ने पानी की बौछारों से पार्क में लगे पेड़ों पर जमी धूल को हटाया। कुछ ही देर में पूरा पार्क चमकने लगा।
दिवंगत भजनलाल ने करवाया था निर्माण
हरियाणा बने को 25 वर्ष पूरे होने पर त्रिवेणी शहर डबवाली में सिल्वर जुबली चौक का निर्माण 1991 में तत्कालीन भजनलाल सरकार ने करवाया था। जिस पर डबवाली के इतिहास का संक्षिप्त विवरण दिया गया। साथ में डबवाली क्षेत्र के स्वतंत्रता सेनानियों का भी परिचय दिया गया है। जोकि प्रदेश का एकमात्र सिल्वर जुबली चौक है। शहर की सौंदर्यता के प्रतीक इस चौक की आज तक किसी भी सरकार ने सुध नहीं ली। जबकि एसडीएम के झाडू उठाते ही चौक में बने विशाल पार्क में बहार आ गई।
पार्क को लिया गोद
गांव जंडवाला बिश्नोईयां के राजकीय स्कूल में अतिथि अध्यापक सुखमंदर देसूजोधा ने पार्क की साज-संभाल का जिम्मा उठाते हुये उसे गोद ले लिया। सुखमंदर देसूजोधा ने बताया कि वे पार्क में फूलों के पौधे लगाएंगे। रखरखाव की जिम्मेवारी भी उसकी होगी।

शहर से रिश्ता निभाने पहुंच गया
बेशक मेरा तबादला भिवानी हो गया। लेकिन डबवाली के लोगों से दिल का रिश्ता जुड़ गया है। इसी रिश्ते को निभाने के लिये बच्चों का प्रेम भी मुझे नहीं रोक पाया। सोशल नेटवर्किंग साईंटस फेसबुक के जरिये जैसे ही मुझे सिल्वर जुबली चौक की दशा के बारे में पता चला, तो इसके सुधार के लिये निकल आया। दशा सुधर गई है। चौक में सफेदी करवाने के बाद रिफ्लेक्टर लगाए जाएंगे। बेशक चौक नेशनल हाईवे के तहत आता है। लेकिन समाजसेवी संस्थाएं इस कार्य में अपना योगदान दे रही हैं।
-सतीश कुमार, उपमंडलाधीश, भिवानी

धूल पर लगानी होगी किक, कांटों पर दौड़ेंगी बेटियां

डबवाली (लहू की लौ) बगैर तैयारियों के खेल विभाग हरियाणा गुरू गोबिंद सिंह खेल स्टेडियम में खंड स्तरीय राजीव गांधी खेल प्रतियोगिता करवाने जा रहा है। सोमवार से शुरू हो रही इस प्रतियोगिता में पांच खेल होंगे। जिसमें पहले दिन लड़कियों तथा दूसरे दिन लड़कों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करनी है।
स्टेडियम से लाईव
दिन : रविवार
समय : 11 बजे
रिपोर्ट : स्टेडियम में उड़ रही धूल के बीच कुछ खिलाड़ी फुटबाल खेल रहे हैं। कल इसी जगह पर धूल के बीच खंड स्तरीय मुकाबलों में 16 वर्षीय लड़कियों को अपना दमखम दिखाना होगा। सवाल उठता है कि धूल भरे मैदान में बेटियां या बेटे  अपना शत् प्रतिशत प्रदर्शन कर पाएंगे? फुटबाल सहित एथलीट, कबड्डी, बॉलीबाल, बॉस्केटबॉल के मुकाबले भी होंगे। एथलीट ट्रेक को देखकर लग रहा है जैसे देश के भावी खिलाडिय़ों की अग्नि परीक्षा होने जा रही है। चूंकि ट्रेक पर कंटीली झाडिय़ां हैं। इसके साथ-साथ कंकर तथा पत्थरों पर भी दौड़ लगानी होगी। बॉलीबाल मैदान को देखने भर से ही तैयारियों का सहज अंदाजा लग जाता है। नेट ईंटों के सहारे टिका हुआ है। वहीं चारों ओर गंदगी का आलम है। बास्केटबॉल मैदान बेहतर नजर आया। करीब एक वर्ष पहले बने इस मैदान में दरारें आ गई हैं।
पानी की अव्यवस्था, हरियाली को चट कर रही दीमक : स्टेडियम में पानी की व्यवस्था के नाम पर एकमात्र टैंक है। इसी से पूरे स्टेडियम को पानी मिलता है। खिलाडिय़ों की प्यास भी इसी से बुझती है। खंड स्तरीय प्रतियोगिता के लिये किराये के टैंकों की व्यवस्था करके सरकार पर आर्थिक बोझ पड़ेगा। वहीं पानी की कमी के कारण हरियाली प्रभावित हो रही है। हरियाली को दीमक चाट रही है।


पंचायती राज विभाग ने नहीं उठाया कदम
करीब आठ माह पहले पंचायती राज विभाग को 8.40 लाख रूपये जमा करवाये थे। जिससे स्टेडियम में इलेक्ट्रोनिक्स कार्य के साथ-साथ टयूब्बैल लगना था। लेकिन ऐसा नहीं हुआ। पानी की कमी के कारण पूरे स्टेडियम में धूल भरा वातावरण है। खंड स्तरीय खेलों के लिये सरकार ने 50 हजार रूपये की राशि दी है। इससे मैदान भी तैयार करना है, खिलाडिय़ों को रिफ्रेशमेंट देने के साथ-साथ बस किराया भी देना है।
-सुखजीत सिंह सुक्खी, कोच
गुरू गोबिंद सिंह खेल स्टेडियम

जल्द लगाया जायेगा टयूब्बैल
हां खेल विभाग ने करीब साढ़े आठ लाख रूपये की राशि जमा करवाई है। पंचायती राज विभाग की इलेक्ट्रोनिक्स विंग अपना कार्य कर रही है। शेष बची राशि से जल्द टयूब्बैल लगाया जायेगा।
-सतीश कुमार, एसडीई
पंचायती राज विभाग, डबवाली

सीएम खट्टर से मिलेंगे डबवाली अग्निकांड पीडि़त

डबवाली (लहू की लौ) डबवाली फायर विक्टम एसोसिएशन की एक बैठक रविवार को अग्निकांड स्मारक स्थल पर हुई। जिसकी अध्यक्षता शमशेर सिंह ने की।
सीएम से मिलेंगे अग्निकांड पीडि़त
इस मौके पर उपस्थित अग्निकांड पीडि़तों ने सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित करके 19वीं बरसी 23 दिसंबर को सर्वधर्म सभा के रूप में मनाने का निर्णय लिया। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि अग्निकांड पीडि़तों की समस्याओं के संदर्भ में मुख्यमंत्री हरियाणा से मिला जायेगा। सरकार से मांग की गई कि अग्निकांड स्मारक स्थल को राष्ट्रीय स्मारक के रूप में स्वीकार किया जाये और अग्निकांड में शहीद हुये बच्चों की याद में बनाये गये सरकारी अस्पताल को अपग्रेड करके प्लास्टिक तथा कॉस्मेटिक सर्जन की व्यवस्था की जाये। जिससे अग्निकांड का दंश सह रहे घायलों को आवश्यक उपचार मिल सके।
काऊंसलिंग करवाये सरकार
बैठक में अग्निकांड पीडि़तों के बच्चों को नौकरी देने का मामला भी उठा। यह मांग भी सरकार के समक्ष रखने का निर्णय लिया गया कि सरकार अग्निकांड पीडि़तों की काऊंसलिंग लेकर उनके दर्द को सुने और जो भी उनके लिये आवश्यक बन पड़े, वह करे। इस मौके पर विनोद बांसल, सुरेंद्र कालड़ा, अमर लाल, पालविंद्र शास्त्री, चंद्रकला, उमेश कुमार, सुमन, रमेश सचदेवा, सुच्चा सिंह भुल्लर, राजीव वढेरा, इकबाल शांत, जयमुनी गोयल उपस्थित थे।

संचालक कमेटी का गठन
बैठक में डबवाली फायर विक्टम एसोसिएशन के अंतर्गत 19वीं बरसी मनाने के लिये एक संचालन समिति का गठन किया गया। जिसमें सर्वसम्मति से जयमुनी गोयल अध्यक्ष, विनोद बांसल सचिव, शमशेर सिंह कोषाध्यक्ष, इकबाल शांत उपाध्यक्ष, राजीव वढेरा सहसचिव, पालविंद्र शास्त्री मैनेजर, सुच्चा सिंह, चंद्रकला, उमेश मित्तल, अमर लाल अनेजा को लंगर कमेटी सदस्य तथा आचार्य रमेश सचदेवा को पीआरओ चुना गया।

पहले कांग्रेस ने लूटा, अब भाजपा लूट रही-चौटाला

डबवाली (लहू की लौ) इनसो के राष्ट्रीय अध्यक्ष दिग्विजय सिंह चौटाला ने रविवार को डबवाली हल्के के गांव गोरीवाला, लंबी, सुकेराखेड़ा, जोतांवाली का दौरा कर नैना सिंह चौटाला को विजयी बनाने पर ग्रामीणों का धन्यवाद किया।
इस मौके पर ग्रामीणों को संबोधित करते हुए दिग्विजय सिंह ने कहा कि कांग्रेस व बीजेपी दोनों दलों मे कोई फर्क नही हैं। दोनों दल किसान, मजदूर व कमेरा वर्ग के विरोध मे नीतियां बनाते है। पहले कांग्रेस ने दोनों हाथों से देश के लोगों को लूटा और अब भाजपा शोषण कर रही है। मजदूर को पूरी मजदूरी नही मिल रही और किसान को फसल के उचित दाम नही दिए जा रहें । किसानी घाटेे का सौदा बन गई है और प्रदेश का धरती पुत्र भूखे मरने के कगार पर है। कपास व धान का भाव अपने न्यूनतम मूल्य पर पहुंच गया है लेकिन बीज व खाद की कीमतें आसमान छू रही है। दिग्विजय सिंह ने कहा कि यह सब हालात तब बदलेंगे जब सत्ता की बागडोर सही हाथों मे होगी। उन्होंने हल्के के लोगों को परिवार का सदस्य बताते हुए कहा कि उनके संघर्ष व सहयोग की कभी कोई कमी नहीं रही और आगे भी ऐसे ही सहयोग व सघंर्ष करना होगा। दिग्विजय चौटाला ने कहा कि इनेलो के कार्यकर्ता चौ. देवीलाल की सोच व नीतियों पर चलने वाली फौज है। ऐसे में बिना मुकाम हासिल किए इस फौज ने पीछे बैरक में लौटना नहीं सीखा। इस मौके पर उनके साथ राधेराम गोदारा, संदीप गंगा, सर्वजीत मसीतां, लवली मैहता, गिरधारी बिस्सू, कुलदीप जम्मू, मंदर सिंह सरां, सरपंच पवन मैहता, राकेश कुमार, रामकुमार बिश्नोई व मनजीत सिंह सिधू मौजूद थे।

वार्षिक वेद प्रचार उत्सव की तैयारियां पूर्ण

डबवाली (लहू की लौ) आर्य समाज मंदिर यज्ञशाला में रविवारीय साप्ताहिक हवन यज्ञ उपरांत आर्य बंधुओं की एक आवश्यक बैठक आर्य समाज के वरिष्ठ सदस्य भारत मित्र छाबड़ा की अध्यक्षता में हुई। जिसमें आर्य समाज की ओर से आगामी 10 दिसंबर, बुधवार से शुरू होने वाले पांच दिवसीय वार्षिक वेद प्रचार उत्सव को लेकर तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं। यह जानकारी देते हुए महामंत्री सुदेश कुमार आर्य ने बताया कि वैदिक प्रवक्ता आचार्य हरि प्रसाद शास्त्री व भजनोपदेशक राजवीर शास्त्री दिल्ली से तथा जसविंद्र आर्य प्रतिनिधि सभा रोहतक से 9 दिसंबर, मंगलवार सायं डबवाली पहुंच जाएंगे। व्यवस्था के लिये एसके दुआ, रामफल आर्य व व्यवस्था प्रमुख राज कुमार की ड्यूटी लगाई गई। पारिवारिक कार्यक्रम के अंतर्गत प्रथम दिवय बहादर सिंह कूका, 11 दिसंबर को राम कुमार डीसीएमवाले, 12 दिसंबर को विनोद बांसल पूर्व पार्षद तथा 13 दिसंबर को रवि कुमार छाबड़ा चक्की वाले के आवास पर प्रात: 9 बजे से 11 बजे तक होगा तथा रात्रिकालीन सत्र साढ़े 7 बजे से 10 बजे तक प्रतिदिन व पूर्णाहुति 14 दिसंबर, रविवार को प्रात: 9 बजे से 12 बजे तक होगी। मौके पर बीएन रहेजा, राम कुमार बांसल, नीलम राय, सावित्री देवी, शास्त्री कमलेश उपस्थित थे। इससे पूर्व आर्य समाज मंदिर में पुरोहीत कमलेश शास्त्री के सानिध्य में साप्ताहिक हवन यज्ञ आयोजित हुआ।

आज होगा एक्सरे

डबवाली (लहू की लौ) गांव गंगा की राजकीय कन्या प्राथमिक पाठशाला में जेबीटी प्रशिक्षु के कहर का शिकार हुई 12 वर्षीय सोमा के हाथ का सोमवार को एक्स-रे होगा।
सोमा के पिता शंकर लाल ने बताया कि चिकित्सक ने एक्सरे करवाने की सलाह दी थी लेकिन रविवार की छुट्टी होने के कारण एक्सरे नहीं हो पाया। सोमवार को एक्सरे के बाद चिकित्सक रिपोर्ट बनायेगा। शंकर के अनुसार बेटी के हाथ पर सोजिश पहले से बढ़ी है।
अभी शिकायत नहीं
इधर गोरीवाला पुलिस चौकी प्रभारी भाना राम ने बताया कि फिलहाल पुलिस के पास शिकायत या फिर एमएलआर नहीं पहुंची है। शिकायत मिलने के तुरंत बाद आगामी कार्रवाई शुरू की दी जायेगी।

हादसों से बचने के लिये अपनायें दो सैकंड फार्मूला

आज दो स्कूलों में चलेगा यातायात जागरूकता अभियान

डबवाली (लहू की लौ) ड्राईविंग के दौरान मामूली सी चूक हादसे को अंजाम देती है। हरियाणा पुलिस चूक से बचने के लिये दो सेकंड नियम का प्रयोग करने की सलाह देती है। अगर इस नियम पर चला जाये तो बहुत सी जानें बच सकती हैं।
सुरक्षित ड्राईविंग के लिये अपने वाहन और आगे चल रहे वाहन के बीच उचित दूरी बनाय रखना एक अच्छी आदत है। यह धीमे होने या सुरक्षित रूप से अपना रास्ते बदलने हेतू पर्याप्त स्थान देती है। यातायात, गति, मौसम की स्थिति व दृश्यता इस सुरक्षित दूरी पर प्रभाव डालते हैं। 2 सेंकड नियम का मतलब है कि आपको अपने वाहन को आगे जा रहे वाहन से इतनी दूरी पर रखना चाहिये कि यदि अगला वाहन रूक जाये तो आपके वाहन को उस तक पहुंचने में कम से कम दो सेकंड लगें। हरियाणा पुलिस ने अपनी सड़क सुरक्षा पुस्तक में 2 सेकंड नियम की विस्तृत व्याख्या की है। शहर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर दलीप सिंह के अनुसार पीछे चलने की दूरी को मापने के लिये आपके आगे चल रहे वाहन के आगे एक निश्चित वस्तु जैसे टेलीफोन पोल, एक पुल या एक पेड़ चुनिए। जैसे ही आपके आगे का वाहन उस वस्तु से गुजरता है आप एक हजार एक, एक हजार दो, एक हजार तीन कहते हुये गिनती शुरू करें और ऐसा करते रहें जब तक आपका वाहन भी उसी वस्तु तक न पहुंच जाये। यदि आप एक हजार दो गिनने से पूर्व ही उस वस्तु तक पहुंच जायें तो इसका मतलब आपकी पीछे चलने की दूरी सुरक्षित से बहुत कम है।
एमएसएम/पीएसएल नियम
रक्षात्मक ड्राईविंग के सबसे महत्वपूर्ण नियमों में से एक है एमएसएम। जिसका अर्थ है मिरर, सिग्नल, मैन्युवर। नियमित रूप से रियर-व्यू मिरर और साईड मिरर से सड़क की बाएं और दायं ओर देखते रहना महत्वपूर्ण है। यह एक मानसिक चित्र बनाने में मदद करता है कि आपके पीछे सड़क पर क्या है। दिशा बदलने की योजना बनाने से पूर्व दर्पण में चौकसीपूर्वक यातायात का निरीक्षण करते रहें।
सिग्नल : एक बार जब दर्पण का निरीक्षण कर लिया हो और अपनी दिशा बदलने के लिये रास्ता स्पष्ट लग रहा हों तो वाहन के दिशा सूचक या हाथ से संकेत करके या दोनों का ही प्रयोग करते हुये मुडऩे का संकेत दिया जा सकता है।
मैन्युवर : जब वास्तव में ही दिशा बदलने की कार्यवाही करते हैं, इस चरण को आगे तीन उप चरणों में विभाजित किया जा सकता है। जिसके तहत पोजिशन, स्पीड और लुक हैं। तीनों उपचरणों को ध्यान में रखकर रक्षात्मक ड्राईविंग की जा सकती है।
आज भी चलेगा अभियान
शहर थाना प्रभारी दलीप सिंह ने बताया कि यातायात नियमों के प्रति जागरूकता के लिये अभियान जारी रहेगा। सोमवार को खालसा सीनियर सैकेंडरी स्कूल तथा डीएवी स्कूल में बच्चों को यातायात नियमों के बारे में जागरूक किया जायेगा।

8 Dec. 2014