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01 अगस्त 2011

ट्रक यूनियन में रिक्शा चालक का बेरहमी से कत्ल


डबवाली (लहू की लौ) मलोट रोड़ पर स्थित ट्रक यूनियन में शनिवार रात को रिक्शा चालक की बेरहमी से हत्या किए जाने का मामला सामने आया है। हत्या के बाद शव को खुर्दबुर्द करने का प्रयास किया गया। शव रविवार सुबह यूनियन के पास स्थित एक नोहरे में झाडिय़ों के नीचे पड़ा मिला। मृतक की पहचान जिला बठिंडा के गांव नरसिंह कलोनी निवासी 28 वर्षीय चरणजीत उर्फ चरणा पुत्र संत लाल के रूप में हुई। किलियांवाली पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ दफा 302 के तहत हत्या का मामला दर्ज करके जांच आरंभ कर दी है।
किलियांवाली पुलिस चौकी को रविवार सुबह करीब 8.45 पर मण्डी किलियांवाली ट्रक यूनियन के बगल में स्थित नोहरे में एक व्यक्ति का शव पड़ा होने की सूचना मिली। सूचना पाकर चौकी प्रभारी एएसआई जीत सिंह, एचसी हरबंस सिंह मौका पर पहुंचे। वहां प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि मृतक रिक्शा चालक है। जो यूनियन के आस-पास रहकर अपना जीवन व्यतीत कर रहा था। मौका पर आए ट्रक चालक रूप सिंह ने मृतक की पहचान अपने भाई चरणजीत उर्फ चरणा के रूप में की। इसकी जानकारी पाकर मृतक के दो और भाई सोमनाथ तथा तीर्थ राम भी मौका पर पहुंचे।
रूप सिंह ने पुलिस को बताया कि चरणा की शादी करीब सात साल पूर्व जैतो मण्डी में हुई थी। शादी के कुछ समय बाद ही पति-पत्नी में अनबन रहने लगी और दोनों अलग हो गए। पिछले छह वर्षों से उसका भाई रिक्शा चालक ट्रक यूनियन के इर्द-गिर्द ही रहता था। कभी-कभार नरसिंह कलोनी में घर आ जाता था। वह शनिवार शाम करीब 5 बजे अपने भाई चरणा से मिलकर घर गया था। उस समय वह ठीक था। लेकिन आज सुबह चरणा का शव यूनियन के पास ही नोहरे में पड़ा होने की सूचना मिली।
घटना स्थल का यूं लगा पता
मृतक की दाईं आंख, पेट तथा सिर पर गंभीर चोटों के निशान थे। उसका मुंह खून से सना हुआ था। नोहरे से कुछ दूरी पर खून के छींटे दिखाई दिए और एक लम्बी लाईन नोहरे की ओर आती दिखाई दी। शव तथा मौके के हालातों ने चरणा की हत्या करने के बाद उसके शव को खुर्दबुर्द करने की नियत से घसीटते हुए झाडिय़ों के बीच फेंकने का शक जाहिर किया। लेकिन मृतक का रिक्शा आस-पास कहीं दिखाई नहीं पड़ा। किलियांवाली पुलिस मृतक के भाई रूप सिंह के ब्यान दर्ज करने के लिए उसे ट्रक यूनियन में ले गई। रूप सिंह ने वहां खड़े अपने भाई के रिक्शा को पहचान लिया। यूनियन में रिक्शा खड़ा होने से पुलिस का सारा ध्यान वहीं केंद्रित हो गया। यूनियन में पड़े मेज पर खून के निशान दिखाई दिए। हत्या की सूचना पाकर मौका पर पहुंचे लम्बी थाना के प्रभारी एसआई गुरप्रीत सिंह बैंस ने मौके का जायजा लिया।
मामला दर्ज
थाना लम्बी प्रभारी एसआई गुरप्रीत सिंह बैंस ने बताया कि प्रांरभिक जांच में रिक्शा चालक चरणजीत उर्फ चरणा की हत्या ट्रक यूनियन में हुई प्रतीत होती है। पुलिस को गुमराह तथा शव को खुर्दबुर्द करने के लिए कहीं ओर खून के छींटे गिराकर शव को घसीटते हुए नोहरे के बीच झाडिय़ों में फेंका गया। थाना प्रभारी के अनुसार ट्रक यूनियन भी संदेह के घेरे में है, चूंकि मेज पर खून के निशान होने के बावजूद किसी ने पुलिस को सूचित किया नहीं। बल्कि निशान मिटाने के लिए मेज को पानी से धो दिया गया। ट्रक यूनियन की दीवार के बिल्कुल साथ मृतक के कपड़े बरामद हुए हैं। उन्होंने बताया कि इस मामले में फोरेंसिक लैब की मदद ली जा रही है। फिलहाल मृतक के भाई रूप सिंह के ब्यान पर अज्ञात के खिलाफ दफा 302 के तहत हत्या का मामला दर्ज करके अगली कार्रवाई शुरू कर दी है। शव का मलोट के सरकारी अस्पताल से पोस्टमार्टम करवाने के बाद उसे उसके वारिसों को सौंप दिया गया है।

प्रेमी के संग सिटी थाना में पहुंची प्रेमिका


डबवाली (लहू की लौ) घरेलू हिंसा से तंग आकर दो बच्चों की मां ने अपने पति को छोडऩे का निश्चय कर लिया है। पुलिस के समक्ष इस महिला ने अपने पति के साथ जाने से इंकार कर दिया।
पुराना हनुमान मंदिर के नजदीक रहने वाले गुरतेज सिंह ने गत दिवस सिटी पुलिस को एक शिकायत देकर कहा कि उसकी 30 वर्षीय पत्नी रिम्पी मंगलवार से गुमशुदा है। उसके साथ उसका पांच साल का बेटा तुषार भी है। पुलिस ने शिकायत पर कार्रवाई करते हुए रिम्पी के मोबाइल की कॉल डिटेल निकलवाई। जिसमें पुलिस को पता चला कि रिम्पी की अबोहर निवासी सोनू नामक युवक से बातचीत हो रही है। इसी आधार पर सिटी पुलिस के एसआई राजा राम ने अबोहर में शनिवार को सोनू के घर पर दस्तक दी और रिम्पी के बारे में जानने का प्रयास किया। लेकिन सोनू घर पर नहीं मिला। रविवार को रिम्पी और सोनू पुलिस दबाव के चलते सिटी पुलिस में उपस्थित हो गए। रिम्पी ने पुलिस को बताया कि उसका पति गुरतेज उसे अक्सर पीटता है। जिसके चलते मंगलवार को वह अपनी मर्जी से अमृतसर चली गई। उसका बेटा तुषार उसके साथ था। रिम्पी ने पुलिस को बताया कि वह अपने पति की मारपीट से तंग आकर सोनू के साथ जाना चाहती है।
अबोहर निवासी 22 वर्षीय सोनू ने बताया कि वह पर्ल कंपनी का एजेंट है। रिम्पी भी इसी कंपनी की एजेंट है। एक साल पूर्व बठिंडा में कंपनी के कार्यालय में उन दोनों की भेंट हुई। दोनों में नजदीकिया बढ़ गई। दोनों में प्रेम संबंध स्थापित हो गए। रिम्पी ने उसे बताया कि उसका पति गुरतेज उसे बुरी तरह से मारता-पीटता है। वह घर का खर्चा भी नहीं देता। मंगलवार को रिम्पी अमृतसर चली गई। गुरूवार को उसके पास फोन आया कि उसका बेटा तुषार अत्याधिक बीमार है। वह तुरंत अमृतसर चला आए। वह अमृतसर पहुंच गया। शनिवार को उसे अबोहर लाया तथा वहां दवाई आदि दिलाई। दोनों ने अबोहर के बस अड्डा पर रात बिताई। रविवार को वह डबवाली के थाना में रिम्पी के साथ उपस्थित हो गया।
मामले की जांच कर रहे सिटी पुलिस के एसआई राजा राम ने बताया कि पुलिस के पास गुरतेज सिंह ने अपनी पत्नी रिम्पी के गुम होने की शिकायत दी थी। जिसके आधार पर उन्होंने जांच शुरू की। रविवार को रिम्पी अबोहर निवासी सोनू के साथ उनके समक्ष पेश हो गई। रिम्पी अपने प्रेमी सोनू के साथ जाने के लिए कह रही है। जबकि गुरतेज उसे अपने घर लाना चाहता है। फिलहाल जांच चल रही है। दोनों पक्षों की ओर से पंचायतें भी हो रही हैं।