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14 अक्तूबर 2009

पंजाब के संदिग्ध व्यक्ति अपने साथी को गोलियां मारकर भाग गए

मादक पदार्थों की तस्करी का संदेह
श्रीगंगानगर । पंजाब के फिरोजपुर और फरीदकोट जिलों से जिप्सी व मारूति कार में सवार होकर आये पांच-छह संदिग्ध व्यक्ति आज तड़के 4.30 बजे हनुमानगढ़ जंक्शन-संगरिया मार्ग पर रतनपुरा के निकट अपने एक साथी को दो गोलियां मारकर वापिस पंजाब की तरफ भाग गए। इनके साथ 20-22 वर्ष की एक युवती भी थी। घायल युवक को संगरिया के अस्पताल में भर्ती करवाया गया है और उसके बयान के आधार पर युवती समेत पांच जनों के विरूद्ध हत्या के प्रयास के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने संदिग्ध व्यक्तियों के मादक पदार्थों का तस्कर होने की संभावना व्यक्त की है। संगरिया पुलिस के अनुसार घायल हुए युवक गुरमेलसिंह (32) पुत्र सोहनसिंह जटसिख निवासी बागूवाला, थाना गुरूहरसहाय (फिरोजपुर) के दायें कंधे और पीठ के पीछे कूल्हे के पास गोलियां लगी हैं। उसकी हालत फिलहाल खतरे से बाहर है। उसके बयान के आधार पर जसपालसिंह पुत्र कश्मीरसिंह जटसिख निवासी हरिदरानगर कॉलोनी, फरीदकोट, हरदेवसिंह पुत्र जंगीरसिंह मिस्त्री निवासी मालूर, जिला मोगा, हरदेवसिंह की पुत्री जीवन ज्योति तथा दो अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ धारा 307 और आम्र्स एक्ट में मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले की जांच कर रहे एएसआई लालाराम ने बताया कि रतनपुरा चैक पोस्ट से लगभग 4 किमी. दूर गुरमेलसिंह आज सुबह साढ़े चार बजे एक कार वाले को घायल अवस्था में मिला, जिसने उसे अस्पताल में भर्ती करवाया। गुरमेलसिंह ने बाद में बयान देते हुए बताया कि वह सोमवार देर शाम को जिप्सी (डीईए 3171) में जसपालसिंह, हरदेवसिंह व जीवन ज्योति के साथ हनुमानगढ़ जंक्शन गया था। जसपाल व हरदेवसिंह के दो अज्ञात साथी उससे पहले एक मारूति कार में हनुमानगढ़ के लिए रवाना हुए थे। आज बड़े तड़के उन्हें मारूति में सवार यह दोनों व्यक्ति हनुमानगढ़ जंक्शन में टाउन बाईपास के निकट खड़े मिले। जसपालसिंह व हरदेवसिंह ने इनसे लगभग पौन घंटा तक बातचीत की। तत्पश्चात उन्होंने उसे वापिस चलने के लिए कहा। रतनपुरा चैक पोस्ट से लगभग 4 किमी. पहले जसपालसिंह व हरदेवसिंह ने उसे मारूति कार चलाने को कहा तथा उसमें बैठे दोनों व्यक्तियों को अपने साथ जिप्सी में लेकर चलने की बात कही। गुरमेलसिंह के मुताबिक वह जब कार के पास पहुंचा, तब उसे पिछली सीट पर दो बड़े थैले पड़े हुए दिखाई दिये। जिससे उसे संदेह हुआ कि इसमें कोई न कोई संदिग्ध वस्तु है। उसने कार चलाने से मना कर दिया। तब जसपालसिंह, हरदेवसिंह व उनके दोनों अज्ञात परिचित उससे झगड़ा करने लगे। जसपालसिंह ने उस पर पिस्तौल से तथा हरदेवसिंह ने बंदूक से गोली मार दी। उसे घायलावस्था में छोड़कर सभी भाग गए। जांच अधिकारी ने बताया कि पूछताछ में गुरमेलसिंह कुछ बातों को छुपा रहा है। पूरी तरह ठीक हो जाने के बाद उससे गहन पूछताछ की जाएगी। देर शाम तक गुरमेलसिंह के परिजन पंजाब से संगरिया नहीं आये थे। रिश्ते में लगता उसका एक भाई उसकी तमीरदारी करने में लगा हुआ था।

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