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19 जून 2011

एएनएम फिर थाने पहुंची


28 मई 2011 को डॉक्टर पर लगाया था छेड़छाड़ का आरोप
डबवाली (लहू की लौ) प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) देसूजोधा के गांव मांगेआना स्थित सबसैंटर पर तैनात एएनएम से डॉक्टर द्वारा कथित छेड़छाड़ का मामला गंभीर होता जा रहा है। एएनएम ने थाना सदर पुलिस में एक शिकायत देकर डॉक्टर तथा गांव मांगेआना के एक व्यक्ति पर धमकी देने का आरोप लगाया है।
थाना सदर पुलिस में दी अपनी शिकायत में एएनएम सत्या देवी ने कहा है कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, देसूजोधा के प्रभारी डॉ. गुरजीत सिंह ने 30 मई को डीएसपी बाबू लाल, मेडिकल ऑफिसर एमके भादू तथा एमपीएचडब्ल्यू एसोसिएशन हरियाणा के पदाधिकारियों के सामने माफी मांग ली थी। साथ में लिखित तौर पर भविष्य में ऐसी गलती नहीं करूंगा...भी लिख दिया था, जिसके बाद समझौता हो गया। लेकिन इसके बावजूद भी उसे धमकी देकर परेशान किए जाने का सिलसिला जारी है।
7 जून 2011 को आशा वर्कर छिन्द्रपाल उर्फ चरणजीत कौर गांव मांगेआना में मेरे पास सैन्टर पर लगभग ढाई बजे आई। उसके साथ दो लड़के ओर भी थे। जिन्होंने अपने मुंह ढांपे हुए थे। उनमें से एक लड़का आशा वर्कर के साथ अंदर आया और दूसरा गेट के बाहर खड़ा हो गया। जिसमें हाथ में डंडानुमा चीज थी। आशा वर्कर ने आते ही धमकी भरे लहजे से उससे वैक्सीयन कैरियर की मांग की। जो उसने उसे दे दी। बाद में वह बड़बड़ाते हुए वहां से चली गई। इसकी शिकायत उसने 8 जून को एसएमओ डबवाली को की। 12 जून 2011 को प्रात: 8.30 बजे उसके मोबाइल नं. पर एक कॉल आई। कॉल करने वाले व्यक्ति ने उसे धमकी दी कि उसने डॉ. गुरजीत सिंह से लिखित माफी मंगवाकर गलत कार्य किया है, अब तुम्हें इसकी सजा भुगतनी होगी। फिर करीब 10/10.30 बजे दो आदमी जिनमें से एक ने अपना नाम गुरपाल बताया और अपना मोबाइल नं. भी दिया। उसके घर में उसके माता-पिता व अन्य परिवार के सदस्यों के सामने धमकियां देने लगा कि उसकी पहुंच बहुत ऊंची है। वह डॉ. गुरजीत सिंह का कुछ नहीं बिगाड़ सकती। वह उनके साथ गांव मांगेआना में उनके रिश्तेदारों के घर चले। वहां बैठकर जैसा डॉ. साहब लिखवाएं और जिनके खिलाफ लिखवाएं लिखकर दो। लेकिन उसने ऐसा करने से इंकार कर दिया। इसकी सूचना उसने मोबाइल से एसएचओ डबवाली को दी।
इस संबंध में गुरपाल सिंह से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि मामला डॉक्टर और एएनएम के बीच है। इस मामले में उसे बेवजह घसीटा जा रहा है। उसने सत्या देवी को कोई धमकी नहीं दी।
थाना सदर पुलिस के एसआई सीता राम ने बताया कि पुलिस को शिकायत मिली है। शिकायत के आधार पर वे मामले की जांच कर रहे हैं।28 मई 2011 : पीएचसी देसूजोधा के अंतर्गत आने वाले गांव मांगेआना सबसैंटर में तैनात एएनएम सत्या देवी ने थाना सदर पुलिस में एक शिकायत देकर आरोप लगाया था कि 25 मई को पीएचसी देसूजोधा के प्रभारी डॉ. गुरजीत सिंह ने सैंटर का निरीक्षण करने के बहाने उससे छेड़छाड़ की है।

छेड़छाड़ प्रकरण पर नजर
28 मई 2011 : इसी दिन शाम को सिविल अस्पताल डबवाली में एसएमओ के रूम में दोनों पक्षों की बैठक हुई। गर्मा-सर्दी के बीच बैठक बेनतीजा रही।

30 मई 2011 : एमपीएचडब्ल्यू एसोसिएशन हरियाणा की प्रदेशाध्यक्षा एसोसिएशन के अन्य नेताओं के साथ डबवाली के सरकारी अस्पताल में पहुंची। कई बैठकें हुई। इस दौरान एसोसिएशन के कार्यकर्ताओं ने डॉक्टर की पिटाई कर डाली। बाद में डॉक्टर ने हाथ जोड़कर माफी मांग ली। मामला ठंडा पड़ गया।

30 मई 2011 : एएनएम की मांग पर हरियाणा स्वास्थ्य विभाग ने डॉ. गुरजीत सिंह तथा उनकी धर्मपत्नी डॉ. अमनदीप कौर को डेपूटेशन पर 14 दिनों के लिए दड़बाकलां भेज दिया।

17 जून 2011 : चौदह दिनों की डेपूटेशन समाप्त होने के बाद डॉक्टर ने 17 जून 2011 को पीएचसी देसूजोधा में ज्वाईंन किया। लेकिन देसूजोधा के ग्रामीणों ने उनके तबादले की मांग करते हुए पीएचसी पर ताला जड़ दिया।

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