सिरसा, 26 अप्रैल।
प्रदेश में दूध उत्पादन को सशक्त बनाने और डेयरी क्षेत्र से जुड़े किसानों की आय बढ़ाने के उद्देश्य से वीटा मिल्क प्लांट द्वारा कई महत्वपूर्ण योजनाएं संचालित की जा रही हैं। इन योजनाओं के तहत महिला दूध समितियों सहित अन्य दूध समितियों को आधुनिक संसाधन उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
योजना के अंतर्गत दूध की गुणवत्ता जांचने के लिए अत्याधुनिक इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जैसे डी.पी.एम.सी.यू. उपलब्ध करवाए जा रहे हैं। इससे दूध की शुद्धता और गुणवत्ता सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी, जिससे उपभोक्ताओं को बेहतर उत्पाद मिल सकेगा।
इसके साथ ही, “हरे चारे का बीज देने” की योजना के तहत दूध संघ सिरसा द्वारा हर वर्ष हरे चारेः ज्वार, बरसीम और जई के उच्च गुणवत्ता वाले हाइब्रिड बीज समितियों को मांग अनुसार वितरित किए जाते हैं। इस पहल से पशुओं के लिए पोषक आहार की उपलब्धता बढ़ेगी, जिससे दूध उत्पादन में वृद्धि की संभावना है।
वहीं “पशु आहार देने” की योजना के अंतर्गत समितियों को कैटल फीड, पशु मेश, कैटल मेश, मिनरल मिक्सचर, गोधारा शक्ति, काल सागर सहित पशुओं की अन्य आवश्यक दवाइयां रियायती दरों पर उपलब्ध कराई जा रही हैं। इससे पशुपालकों का खर्च कम होगा और पशुओं का स्वास्थ्य बेहतर रहेगा।
वीटा मिल्क प्लांट के सीईओ दिनेश कुमार ने कहा कि
इन योजनाओं से हरियाणा के डेयरी सेक्टर को मजबूती मिलेगी और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी नया बल मिलेगा। इस पहल को किसानों द्वारा सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है।















































