Adsense

Lahoo Ki Lau

युवा दिलों की धड़कन, जन जागृति का दर्पण, निष्पक्ष एवं निर्भिक समाचार पत्र

01 अप्रैल 2026

अग्निपथ योजना के तहत ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू है, उम्मीदवार दो श्रेणी के लिए कर सकते है आवेदन

-सिरसा, फतेहाबाद, जींद, हिसार और हांसी जिला के युवा कर सकते हैं आवेदन

सिरसा, 01 अप्रैल।
अग्रिपथ योजना के तहत ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया को बढ़ाते हुए 10 अप्रैल 2026 कर दिया गया है। पहले आवेदन प्रक्रिया 13 फरवरी से 2 अप्रैल 2026 तक थी। अब इसे बढ़ाकर 10 अप्रैल 2026 तक किया गया है।
यह जानकारी देते हुए भर्ती निर्देशक सेना भर्ती कार्यालय हिसार ने बताया कि ऑनलाइन परीक्षा के लिए अभ्यार्थी द्वारा प्रति आवेदक परीक्षा शुल्क 250 रुपए का भुगतान करना होगा। इच्छुक उम्मीदवार उनके योग्यता के अनुसार दो अग्निवीर श्रेणी के लिए आवेदन करने का विकल्प इस वर्ष भी दिया गया है। अग्निवीर श्रेणी में प्राथमिकता का विकल्प है जिसको उम्मीदवार ने आवेदन करते समय चुनाव करना है। 
उन्होंने बताया कि भर्ती वर्ष 2027 के लिए अग्निवीरों की भर्ती दो चरणों में की जाएगी। प्रथम चरण में ऑनलाइन कंप्यूटर आधारित लिखित परीक्षा (ऑनलाइन CEE) व द्वितीय चरण में भर्ती रैली होगी। भर्ती के लिए इच्छुक उम्मीदवार को अपना नाम वेबसाइट जॉइनइंडियनआर्मीडॉटएनआईसीडॉटइन पर पंजीकरण करवाना अनिवार्य है। ऑनलाईन आवेदन की प्रक्रिया 10 अप्रैल 2026 (11.59 बजे के बाद) बंद कर दी जाएगी। भर्ती निर्देशक ने बताया कि सिरसा, फतेहबाद, जींद, हिसार और हांसी जिला के जिन युवाओं का जन्म 01 जुलाई 2005 से 01 जुलाई 2009 के बीच हुआ है और उन्होंने दसवीं या बारहवीं की कक्षा उत्तीर्ण की है और उम्मीदवार जो कक्षा 10वीं और कक्षा 12वीं बोर्ड परीक्षा में उपस्थित हुए हैं और परिणामों की घोषणा की प्रतीक्षा कर रहे हैं, वे आवेदन करने के पात्र हैं, बशर्ते वे अन्य सभी शर्तों को पूरा करते हों। यह भर्ती अग्निवीर जनरल ड्यूटी, अग्निवीर क्लर्क व स्टोर कीपर तकनीकी, अग्निवीर तकनीकी, अग्निवीर ट्रेडमैन 10th पास व अग्निवीर टैडमैन 8th पास के पद के लिए है। जिन उम्मीदवारों ने न्यूनतम शैक्षणिक व आयु सीमा की योग्यता पूरी कर रखी है वे इस योजना के तहत अपने आवेदन ऑनलाईन कर सकते है।

बागवानी किसानों के लिए बड़ी राहत: मशीनरी पर 40 से 50 प्रतिशत तक सब्सिडी दे रहा उद्यान विभाग

सिरसा, 01 अप्रैल।

हरियाणा उद्यान विभाग द्वारा ‘बागवानी यंत्रीकरण’ योजना के तहत किसानों को आधुनिक कृषि उपकरणों पर भारी सब्सिडी प्रदान की जा रही है। इस पहल का उद्देश्य बागवानी खेती को अधिक लाभकारी, आसान और तकनीकी रूप से उन्नत बनाना है।
योजना के तहत किसानों को प्रति यूनिट लागत पर सामान्य किसानों के लिए 40 प्रतिशत तक तथा अनुसूचित जाति (एससी), लघु एवं सीमांत और महिला किसानों के लिए 50 प्रतिशत तक अधिकतम सहायता दी जाती है। सहायता राशि तय सीमा या वास्तविक लागत दोनों में जो कम हो, उसके आधार पर दी जाती है।
विभिन्न मशीनों पर मिल रहा अनुदान, उन्नत मशीनों पर लाखों की सहायता
योजना में ट्रैक्टर, पावर टिलर, स्प्रेयर, हार्वेस्टर सहित दर्जनों आधुनिक उपकरण शामिल किए गए हैं। 2 व्हील ड्राइव ट्रैक्टर (4 लाख रुपये लागत) पर 1.60 से 2 लाख रुपये तक, जबकि 4 व्हील ड्राइव ट्रैक्टर (4.90 लाख रुपये लागत) पर 1.96 से 2.45 लाख रुपये तक सब्सिडी मिल रही है।
पावर टिलर (1.30 से 1.70 लाख रुपये) पर 0.50 से 0.85 लाख रुपये तक सहायता, वहीं रोटरी टिलर, पोस्ट होल डिगर और प्लास्टिक मल्च बिछाने की मशीन पर भी 40-50 प्रतिशत तक अनुदान दिया जा रहा है।
विशेष रूप से बागवानी फसलों के लिए स्वचालित आलू हार्वेस्टर (25 लाख रुपये) पर 10 से 12.50 लाख रुपये तक की सब्सिडी दी जा रही है। इसके अलावा रूट क्रॉप हार्वेस्टर, आलू खोदने की मशीन, प्लांट टॉपर और सब्जी बोने व धोने की मशीन भी योजना में शामिल हैं।
किसानों को विभिन्न प्रकार के स्प्रेयर जैसे पावर वीडर, विद्युत पावर वीडर, पावर्ड मिस्ट ब्लोअर कम डस्टर, इंजन संचालित पोर्टेबल स्प्रेयर, ट्रैक्टर संचालित एयर-असिस्टेड स्पेशलाइज्ड स्प्रेयर, नैपसैक स्प्रेयर आदि पर भी सब्सिडी दी जा रही है। इनके अलावा पोस्ट होल डिगर, ब्रश कटर और खाद्य प्रसंस्करण मशीनों को भी योजना में शामिल किया गया है।
वृक्ष रखरखाव के लिए स्वचालित प्लेटफॉर्म (20 लाख रुपये लागत) पर 8 से 10 लाख रुपये तक की सहायता तथा राइड ऑन सेल्फ-प्रोपेल्ड टूल बार पर भी 1.20 से 1.50 लाख रुपये तक अनुदान दिया जा रहा है।
जिला उद्यान अधिकारी दीन मोहम्मद ने बताया कि इस योजना से खेती में आधुनिक तकनीकों का उपयोग बढ़ेगा, जिससे उत्पादन क्षमता और गुणवत्ता में सुधार होगा। साथ ही किसानों की लागत कम होकर आय में बढ़ोतरी होगी। किसान इस योजना का लाभ उठाने के लिए अपने नजदीकी उद्यान विभाग कार्यालय में संपर्क कर सकते हैं। योजना का लाभ ‘पहले आओ, पहले पाओ’ के आधार पर भी दिया जा सकता है, इसलिए पात्र किसानों को जल्द आवेदन करने की सलाह दी गई है।

1 April. 2026